समय न्यूज़ 24 डेस्क धनबाद: आज पूरे देश में जैन धर्म के 24वें तीर्थंकर भगवान महावीर की जयंती हर्षोल्लास के साथ मनाई जा रही है। यह दिन न केवल उत्सव का है, बल्कि उनके द्वारा दिखाए गए अहिंसा, सत्य और सादगी के मार्ग पर चलने के संकल्प का भी है।
तिथि और महत्व:- महावीर जयंती 2026: इस वर्ष यह पर्व आज, 31 मार्च को मनाया जा रहा है。
पंचांग: चैत्र महीने के शुक्ल पक्ष की त्रयोदशी तिथि कल (30 मार्च) सुबह 7:09 बजे से शुरू होकर आज (31 मार्च) सुबह 6:55 बजे तक रही。
महत्व: भगवान महावीर, जिन्हें 'वर्धमान' के नाम से भी जाना जाता है, उनके जन्मदिवस के रूप में जैन समुदाय इसे सबसे महत्वपूर्ण त्योहार मानता है。
भगवान महावीर ने एक बेहतर और शांत समाज के निर्माण के लिए पांच मुख्य सिद्धांतों की शिक्षा दी थी:
अहिंसा: मन, वचन और कर्म से किसी भी जीव को कष्ट न पहुँचाना। 'जियो और जीने दो' उनका मूल मंत्र था।
सत्य : हमेशा सत्य बोलना और सत्य का साथ देना। कठिन परिस्थितियों में भी झूठ का सहारा न लेना।
अस्तेय : किसी दूसरे की वस्तु को उसकी अनुमति के बिना ग्रहण न करना।
ब्रह्मचर्य : अपनी इंद्रियों पर नियंत्रण रखना और पवित्र जीवन जीना।
अपरिग्रह : भौतिक वस्तुओं और धन का आवश्यकता से अधिक संचय न करना।
आज के समय में प्रासंगिकता:-भगवान महावीर के विचार आज के दौर में और भी अधिक प्रासंगिक हो गए हैं। उनकी शिक्षाएं हमें आपसी प्रेम, दया और शांति के साथ एक आदर्श जीवन जीने की प्रेरणा देती हैं।
ब्यूरो रिपोर्ट: 31 मार्च, 2026
|